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कइसे भोजपुरी सिखल जाव : भोजपुरी मुहावरा और अर्थ | Bhojpuri idiom and meaning : पांचवा भाग

 

एह कोर्स में राउर हार्दिक स्वागत बा ।😊

बिहारलोकगीत डॉट कॉम के लगातार सार्थक कोशिश रही कि आपन गौरवशाली अतीत के फेर से परिभाषित कऽ के भोजपुरी के छवि के आपन देस के साथे-साथ दुनिया के बाकी हिस्सा में भी पुनर्जीवित कईल जाव। ई काम में रउरा सब के सहयोग के साथ जरुरी बा, एह से रउरा सभे से निहोरा बा की “बिहारलोकगीत डॉट कॉम” से जुड़ी आ आपन भासा भोजपुरी के आगे बढ़ावे में बिहारलोकगीत के मदद करीं।

बिहारलोकगीत डॉट कॉम के ई सतत प्रयास बा की आपन भोजपुरी भाषा आगे बढ़े आ भोजपुरी के ऑनलाइन के माध्यम से ज्यादा से ज्यादा लोगन तक पहुचावल जाव, एह कड़ी के आगे बढ़ावत बिहारलोकगीत लेके आइल बा भोजपुरी मुहावरा, जहा प रउवा भोजपुरी मुहावरा के बारे में पढ़ेब और ओकरा बारे में जानेब ओकर अर्थ के साथ ।

आखिर ह का मुहावरा ?, भोजपुरी मुहावरा :-

मुहावरा अपना भोजपुरी भाषा के एगो अभिन्न अंग ह, एकरा बिना भोजपुरी भाषा भा साहित्य पूरा नइखे होसकत। भोजपुरी भासा के बोल चाल में मुहावरा के प्रयोग खूब होला।
परिभाषा: अइसन वाक्यांश जवन आपन साधारण अर्थ छोड़ के कवनो विशेष मतलब आ अर्थ की ओर ले जाव भा व्यक्त करो ओकरा के मुहावरा कहल जाला।
हमरा कम उमेद बा की केहू भोजपुरी अपना गावं-घरे में बूढ़ पुरनिया से मुहबरा ना सुनले होइ, लेकिन अब भोजपुरी मुहावरा के उपयोग कम होखत जा ता।
हमार शुभकामना बा कि राउर जतरा शुभ होखे । 

भोजपुरी मुहावरा और अर्थ | Idioms in Bhojpuri with meaning :-

भोजपुरी मुहावरा
अर्थ
अँइठि के चलल 
:-
गर्व से चलना, अकड़ के चलना।
अँखिगर भइल
      :-         
अँखिगर (दिव्य दृष्टि वाला), मंत्र तंत्र जानने वाले ओझा
अँखि देखारे कइल 
      :-
प्रत्यक्ष काम करना।
अँखिफोर भइल
      :-
चालाक या बुद्धिमान होना।
अँखि मटकउअलि कइल
      :-
आँखें मटकाना, इशाराबाजी करना।
अँगुरी देखावल
      :-
निंदा करना।
अंडा सेवल
      :-
प्रतीक्षा करना।
अँवटि घालल 
      :-
परेशान करना।
अँवासल 
      :-
नवीन कोरी वस्तु विशेषतया मिट्टी के बर्तन का प्रथम प्रयोग करना
अकिलि के पूरा भइल
      :-
अक्ल (अ.) मूर्ख होना।
अकेल घर में छकेला मार 
      :-
अकेले घर में खूब मौज उड़ाना।
अखड़ेरे जान गइल 
      :-
मुफ्त में प्राण जाना।
अखरल 
      :- 
दुःख अनुभव करना।
अछरंग लॉगावल 
      :-
दोषारोपण करना।
अधभेसरि भइल
     :-
मूर्ख होना।
अनखुन खोजल
     :-
जबरदस्ती  बहाना ढूँढ़ना।
अनभल ताकल
     :-
 बुराई चाहना।
अनेरिया भइल 
     :-
व्यर्थ होना, किसी काम का न होना।
अंत ना पावल
     :-
भेद न पाना।
अफनाइल
     :-
छक जाना।
अरकल बथुआ बिटोरल 
     :-
निरर्थक वस्तुओं का संग्रह
अलहदी भइल 
     :-
सुस्त होना।
अल्हड़ भइल
     :-
अनुभव शून्य होना। 
ऑन का बल पर फउकल 
     :-
किसी दूसरे का सहारा पाकर बहुत बढ़ -चढ़ कर बोलना।
ऑसॉरा दिहल 
     :-
आश्रय देना, वचन देना।
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